तेज आंधी-बारिश के कारण डाक बंगला में बीच सड़क पर गिरा गेट
तेज आंधी-बारिश के कारण डाक बंगला में बीच सड़क पर गिरा गेट। भव्य पंडाल गिरने से अफरा-तफरी मची। हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ।
तेज आंधी-बारिश के कारण डाक बंगला में बीच सड़क पर गिरा गेट। भव्य पंडाल गिरने से अफरा-तफरी मची। हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ।
आलोक मेहता जी ने निजी कोष से 20000 हजार पीड़ित परिवार को व्यवसाय हेतु और दो बच्चों की पढ़ाई हेतु 10000-10000 हजार बैंक खाता में दिया।
हर बार इसका बाप इसे बचाता गया। घटना के प्रकाश में आने के तुरंत बाद रिजॉर्ट पर बुलडोजर चलवाकर सबूत नष्ट कर दिए गए।
अब समय आ गया है की सत्ता में रहकर सत्ता के भीतर व्याप्त भ्रष्टाचार, अव्यवस्था को समाप्त करें। सुधाकर सिंह को इस्तीफा वापस ले लेना चाहिए।