
सत्रह दिनों तक कोई बिरले ही लड़ सकता है
इंकलाबी छात्र के बैनर तले सत्रहवें दिन आंदोनरत छात्रों के बीच पूर्व सांसद सह जाप सुप्रीमो पप्पू यादव पहुँच कर समर्थन दिया। इस मौके पर सभा को संबोधित करते कहा कि ”इस सत्यवादी धरती पर लूट और झूठ की खेती की जा रही है। शिक्षा व्यवस्था पूरे प्रदेश में बर्बाद है। इस बर्बाद को ऊपर से साफ करने की जरूरत है।”
”अगर हम सभी को बस चले तो ऐसे लोगों को सफाया कर दे। ऐसे भष्ट लोगों को जीने का अधिकार नही है। संसदीय व्यवस्था पर अब लोगों को विश्वास उठ रहा है। ऐसे लोगों को जीने का कोई हक नहीं है। महंगाई और बेरोजगारी हिंदुस्तान में श्रीलंका से ज्यादा भयावह है। वो मजबूत और देशप्रेमी है जिसके कारण लड़ रहे हैं। लेकिन हम हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।”

”शताब्दी वर्ष पर किसी पार्टी के लोगों ने शिक्षा पर किसी ने कुछ नहीं कहा। आपकी आंदोलन को आज मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री तक पहुंचाने के काम करेंगे। लेकिन अब इनपर शिक्षा के लिये इनपर विश्वास नहीं होता है कि ये कुछ कर सकते हैं।”
मौके पर सभा का संचालन कर रहे आईसा छात्र नेता कुणाल किशोर ने कहा कि ”अब हम सबों का आंदोलन आपके आगमन से मजबूत हुआ है।” स्वागत भाषण छात्र जाप के अशोक कुमार ने किया। अध्यक्षता इंकलाबी छात्र के संयोजक दीपक कुमार दांगी ने किया। कार्यक्रम की सफलता पर धन्यवाद इंकलाबी छात्र के संरक्षक कमलेश कुमार ने किया।

इस मौके पर रोहित कुमार, पंकज टेक्निकल, राहुल प्रताप, टिंकू कुशवाहा, आईसा नेता सोनू कुशवाहा, आकाश रंजन, रंजीत, बिमल, भूषण, विक्रम, बीट्टू, संतोष, चंदन, विकाश रंजन, अजय कुमार, नवनीत, प्रिंस राज, अमन कुमार, मिथलेश कुमार सुमन, राजीव रंजन कुमार (मुखिया संघ अध्यक्ष), छोटू दास (जिला परिषद), विनोद मरांडी आदि के साथ हजारों छात्र और सामाजिक कार्यकर्ता की उपस्थिति थे।