बीपीएससी अभ्यर्थियों से मिलने गर्दनीबाग पहुंचे माले विधायक, अभ्यर्थियों ने पेश किए अनियमितता के सबूत

पिछले 15 दिनों से बीपीएससी परीक्षा की पुनर्परीक्षा की मांग को लेकर धरने पर बैठे अभ्यर्थियों से आज भाकपा (माले) के विधायकों ने गर्दनीबाग धरनास्थल पर मुलाकात की. इस प्रतिनिधिमंडल में माले विधायक दल के नेता महबूब आलम, सत्यदेव राम, गोपाल रविदास और अमरजीत कुशवाहा शामिल थे.
धरने पर बैठे अभ्यर्थियों ने अपनी समस्याओं को विस्तार से बताया और पीटी परीक्षा में हुई धांधली के ठोस सबूत पेश किए. विधायकों ने अभ्यर्थियों को आश्वासन दिया कि इन सबूतों का गहराई से अध्ययन किया जाएगा और आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा. विधायकों ने कहा कि भाकपा (माले) विधायक दल अभ्यर्थियों की न्यायपूर्ण मांगों के साथ मजबूती से खड़ा है. सरकार को अभ्यर्थियों की आवाज सुननी होगी और उनकी समस्याओं का समाधान करना होगा.
प्रशांत किशोर छात्र आंदोलन में हाथ सेंकने गये थे, और झुलस गये
विदित हो कि, प्रशांत किशोर पटना में आंदोलन कर रहे बीपीएससी (बिहार पब्लिक सर्विस कमिशन) अभ्यर्थियों के साथ साथ राजनीतिक विरोधियों के भी निशाने पर आ गये हैं. जन सुराज के बैनर तले बिहार चुनाव के बाद सरकार बनाने का दावा करने वाले प्रशांत किशोर की राजनीति क्या रास्ते से भटक रही है?
बेशक प्रशांत किशोर ने पटना की सड़कों पर आंदोलन कर रहे युवाओं के साथ जुड़ने में अच्छा अवसर देखा होगा. लगा होगा सड़क पर उतरकर सपोर्ट कर देने से बेरोजगारी से परेशान युवाओं का साथ मिल जाएगा तो चुनावी वैतरणी पार करने में मुश्किलें थोड़ी कम हो जाएंगी, लेकिन लगता है दांव उल्टा पड़ गया है. प्रशांत किशोर पर आंदोलनरत अभ्यर्थियों को भड़काने का आरोप लगा है.
जन सुराज नेता प्रशांत किशोर जब आंदोलन को समर्थन देने पहुंचे तो युवाओं से तीखी बहस भी हुई. और, ये भी इल्जाम है कि जब पुलिस का सख्त रुख देखा तो वाटर कैनन और लाठीचार्ज से पहले ही खिसक लिए. सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी वायरल है, जिसमें प्रशांत किशोर के मुंह से सुनने को मिल रहा है, ‘… घर जाना है’.